अक्सर शासकीय अधिकारी की शादी में अक्सर आपने चमक-धमक और खर्चीले इंतजाम देखे होंगे लेकिन धार में साेमवार काे सिटी मजिस्ट्रेट और आर्मी मैजर ने बेहद सादगी से काेर्ट में शादी की। बिना बैंड-बाजा व बारात के हुई इस शादी में फूल-माला व मिठाई के नाम पर मात्र 500 रु. खर्च हुए।
धार@साबिर खान
शादी के बाद सब रजिस्ट्रार कार्यालय में शादी का पंजीयन भी कराया। इस शादी के दौरान दूल्हा-दुल्हन के परिजन व स्टाफकर्मी शामिल हुए। मूलरूप से भाेपाल की रहने वाली धार सिटी मजिस्ट्रेट शिवांगी जाेशी का रिश्ता परिजनाें ने भाेपाल में ही रहने वाले व वर्तमान में लद्दाख में पदस्थ आर्मी मैजर अनिकेत चतुर्वेदी के साथ तय किया था। दोनों फिलहाल अधिकारी है, काेराेना के चलते शादी दाे साल से टल रही थी। इसके बाद दोनों ने परिजनाें की सहमति से समाज में एक संदेश देने का भी निर्णय लिया था। परिजनों की सहमति के बाद धार काेर्ट परिसर में बिना शोर शराबे और महंगे इंतजाम से दूर रहकर सादगी से कोर्ट मैरिज कर शादी का पंजीयन कराया। शिवांगी जाेशी ने बताया गत दाे साल से काेराेना चल रहा है, ऐसे समय में काेराेना याेद्धा के रूप में सेवा देना जरूरी समझा। दूसरी लहर में भी हमने कई लाेगाें काे खाेया हैं। इस समय संक्रमण कम जरूर हुआ लेकिन काेराेना अभी गया नहीं है। लाेग भी नियमाें का पालन करें ओर शादियाें में फिजूलखर्च न करें इसके लिए हमने यह निर्णय लेकर शादी की। मैं शुरुआत से फिजूलखर्च के खिलाफ हूं। शादी में फिजूलखर्च से न केवल लड़की के परिवार पर बोझ पड़ता है बल्कि पैसों का दुरुपयोग भी होता है। शादी के बाद नवदंपती ने धारेश्वर मंदिर पहुंच कर भगवान धारनाथ से आशीर्वाद लिया। इस शादी में परिजनाें के साथ कलेक्टर आलाेक कुमार सिंह, एडीएम सलाेनी सिड़ाना सहित स्टाफ के अधिकारी-कर्मचारी शामिल हुए।






























