मध्यप्रदेश में 12वीं बोर्ड परीक्षा में उत्कृष्ट प्रदर्शन करने वाले शासकीय स्कूलों के 7,400 से ज्यादा मेधावी विद्यार्थियों को स्कूटी वितरित की गई। सेवा संकल्प अभियान के तहत भोपाल के सुभाष एक्सीलेंस स्कूल में आयोजित कार्यक्रम में मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने विद्यार्थियों से संवाद किया और मंच से 11 छात्रों को स्कूटी की चाबी सौंपी।
भोपाल@साबिर खान fm
कार्यक्रम के दौरान विद्यार्थियों ने मुख्यमंत्री को अपने भविष्य के सपनों के बारे में बताया। किसी ने सीए बनने, किसी ने वकील बनने, तो किसी ने एग्रीकल्चर स्टार्टअप शुरू करने की इच्छा जताई। मुख्यमंत्री ने विद्यार्थियों से बातचीत कर उनके लक्ष्य जाने और उन्हें आगे बढ़ने के लिए प्रोत्साहित किया।
बच्चों से सीएम ने की वन-टू-वन बातचीत
मंच पर सबसे पहले खुशी राय को स्कूटी की चाबी दी गई। खुशी ने बताया कि स्कूटी से उसे पढ़ाई के साथ घर के काम में भी सुविधा मिलेगी। मुख्यमंत्री ने उससे मजाकिया अंदाज में पूछा कि घर में स्कूटी को लेकर दादीगिरी तो नहीं करेगी और दोस्तों के साथ शेयर करेगी या नहीं। इस पर कार्यक्रम स्थल पर ठहाके गूंज उठे।
इसके बाद शब्द ने बताया कि वह सीए बनना चाहते हैं। वहीं आकाश साहू ने एग्रीकल्चर स्टार्टअप शुरू करने और फूड एवं वेजिटेबल सप्लाई के क्षेत्र में काम करने की इच्छा जताई।
शिव कुमार कौल ने कहा कि उनके घर में यह पहली गाड़ी है और वे इंजीनियर बनकर विकसित भारत में योगदान देना चाहते हैं। रवि केवट और मरियम खान ने भी सीए बनने की इच्छा जताई। मिनी जैन ने नीट परीक्षा पास कर न्यूरोसर्जन बनने का लक्ष्य बताया, जबकि रानी सांपले ने उच्च शिक्षा हासिल कर वकील बनने की इच्छा जताई। खुशी यादव ने एमबीबीएस करने की बात कही।
छात्रा के साथ स्कूटी पर बैठे मुख्यमंत्री
कार्यक्रम के दौरान मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने एक छात्रा की स्कूटी पर बैठकर राइड का आनंद भी लिया। इस दौरान उन्होंने विद्यार्थियों की उपलब्धि और उनके भविष्य के लक्ष्यों की सराहना की।
विद्यार्थियों के बेहतर भविष्य के लिए सरकार प्रतिबद्ध: सीएम
मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने कहा कि राज्य सरकार विद्यार्थियों के बेहतर भविष्य के लिए संकल्पित है। शासकीय विद्यालयों के मेधावी विद्यार्थियों को प्रोत्साहित करने के लिए करीब एक लाख रुपए तक कीमत वाली स्कूटी दी जा रही हैं, ताकि उन्हें आगे की पढ़ाई के लिए कॉलेज आने-जाने में सुविधा मिल सके।
उन्होंने कहा कि प्रदेश सरकार विद्यार्थियों को निशुल्क किताबें, ड्रेस और साइकिलें भी उपलब्ध करा रही है। मुख्यमंत्री ने शिक्षा के क्षेत्र में प्रदेश में हुए बदलावों का उल्लेख करते हुए कहा कि सांदीपनि विद्यालयों में विद्यार्थियों को बेहतर सुविधाएं उपलब्ध कराई जा रही हैं।
12वीं में 70 प्रतिशत से अधिक अंक लाने वाले विद्यार्थियों को स्कूटी
स्कूल शिक्षा एवं परिवहन मंत्री उदय प्रताप सिंह ने बताया कि स्कूटी पाने वाले विद्यार्थियों ने 12वीं बोर्ड परीक्षा में प्रथम प्रयास में 70 प्रतिशत से अधिक अंक हासिल कर अपने स्कूल में टॉप किया है। उन्होंने कहा कि विद्यार्थियों की मेहनत ने उनके परिवार और समाज को गौरवान्वित किया है और यह उपलब्धि दूसरे विद्यार्थियों के लिए भी प्रेरणा है।
मंत्री के अनुसार विद्यार्थियों को पेट्रोल और ई-स्कूटी प्रदान की जा रही हैं, जिससे उनकी उच्च शिक्षा की राह आसान होगी।
शिक्षा और युवाओं के भविष्य पर सरकार का जोर
मुख्यमंत्री ने कहा कि बच्चे पढ़-लिखकर अलग-अलग क्षेत्रों में करियर बनाना चाहते हैं। उन्होंने विद्यार्थियों से कहा कि देश और प्रदेश का भविष्य उनके हाथों में है। मुख्यमंत्री ने विकसित भारत @2047 के संकल्प का उल्लेख करते हुए युवाओं से शिक्षा और प्रतिभा के माध्यम से आगे बढ़ने का आह्वान किया।
कार्यक्रम में जनजातीय कार्य मंत्री डॉ. कुंवर विजय शाह सहित अन्य जनप्रतिनिधि और अधिकारी मौजूद रहे। सरकार की ओर से कार्यक्रम को मेधावी विद्यार्थियों के सम्मान और उन्हें उच्च शिक्षा के लिए प्रोत्साहित करने की पहल के रूप में प्रस्तुत किया गया।






























