हिंदू-मुस्लिम एकता के प्रतीक हजरत अब्दुल्ला शाह दाता बियाबानी की मजार पर चल रहे दस दिवसीय सालाना उर्स के दौरान रविवार रात्रि आस्ताने पर जवाबी कव्वाली का आयोजन किया गया।
धरमपुरी@जफर अली
अहमदाबाद और दिल्ली से आए कव्वालों ने कलाम पेशकर लोगों को मंत्रमुग्ध कर दिया
कालीबावड़ी स्थित हजरत अब्दुल्ला शाह दाता बियाबानी के आस्ताने पर अहमदाबाद से आए कव्वाल अनीस नवाब और दिल्ली से आये कव्वाल गुलाम वारिस के बीच जवाबी मुकाबला हुआ। कव्वाल अनीस नवाब ने कलाम ‘सोने के कलश वाले ख्वाजा मोरे अगने में आजा…’ सुनाया!
जवाब में गुलाम वारिस ने ” लाखों में हसीन है मेरा सनम अब्दुल्ला बियाबानी कव्वालों के कलाम को सुनने के लिए अकीदतमंदों का जमावड़ा पूरी रात लगा रहा।
उर्स कमेटी के सदर मोइनुद्दीन हवलदार व कार्यवाहक सदर अबरार खान एवं लालू वकील सहित कमेटी द्वारा कव्वालों तथा अतिथियों का स्वागत किया गया। कार्यक्रम में अतिथि के रूप में धरमपुरी विधायक पांचीलाल मेड़ा धरमपुरी नगर परिषद अध्यक्ष प्रतिनिधि डॉ जियाहुल हक़ धामनोद नगर परिषद अध्यक्ष प्रधिनिधि विष्णु पाटीदार कांग्रेस नेता भीमसिंह ठाकुर पूर्व जनपद उपाध्यक्ष अजय पाटीदार ब्लॉक कॉग्रेस अध्यक्ष देवेन्द्र पाटीदार जिला महामंत्री जावेद खान सहित कांग्रेस के नेता व आस पास के सरपंचों मौजूद रहे।






























