गोविंद नगर (खारचा) बाणगंगा थाना में एक अजीब और दुखद घटना सामने आई है, जहां धर्मेंद्र नामदेव नामक व्यक्ति को पुलिसकर्मियों की बर्बरता का शिकार होना पड़ा, जिसके बाद उसकी मौत हो गई!
इंदौर@टीम भारतीय न्यूज़
धर्मेंद्र अपने दामाद हरिगोविंद और उसके परिवार के खिलाफ रिपोर्ट लिखवाने थाने गया था, लेकिन पुलिसकर्मियों ने न केवल उसे अपमानित किया, बल्कि थाने में ही उसे झाड़ू भी लगवाई। इस दौरान धर्मेंद्र को सीने में दर्द हुआ, और उसे हार्ट अटैक आ गया।
घटना के अनुसार, 40 वर्षीय धर्मेंद्र रविवार सुबह अपने दामाद हरिगोविंद और उसके रिश्तेदारों से मारपीट के बाद बाणगंगा थाने रिपोर्ट लिखवाने गया था। पुलिस ने दोनों पक्षों के खिलाफ अदमचेक लिखने के बाद धर्मेंद्र को थाने में रोक लिया। इसके बाद उसे थाने में झाड़ू लगाने के लिए कहा गया, जिसके बाद उसकी तबीयत बिगड़ गई। पुलिसकर्मियों ने उसे अस्पताल न ले जाकर घर भेज दिया, जहां धर्मेंद्र को हार्ट अटैक आया और कुछ समय बाद उसकी मौत हो गई।
स्वजन ने इस मामले को लेकर हत्या का आरोप लगाया है और पुलिसकर्मियों पर कड़ी कार्रवाई की मांग की है। मृतक के परिवारवालों ने विरोध स्वरूप कांग्रेस नेत्री रीटा डागरे के नेतृत्व में बाणगंगा थाने के सामने शव रखकर प्रदर्शन किया। वहीं, पुलिस अधिकारियों का कहना है कि यह पारिवारिक विवाद था और पुलिस ने दोनों पक्षों के खिलाफ अदमचेक काटा था, लेकिन वीडियो फुटेज में झाड़ू लगाते हुए धर्मेंद्र का कोई दृश्य नहीं दिखाई दिया है।
मृतक के परिवारवालों के अनुसार, दहेज मांगने को लेकर दामाद और धर्मेंद्र के बीच विवाद हुआ था, जिसके बाद इस घटना को अंजाम दिया गया। धर्मेंद्र के रिश्तेदारों ने पुलिस की कार्रवाई पर सवाल उठाए हैं और मामले की निष्पक्ष जांच की मांग की है।



































